पढ़ने - लिखने की उम्र में अवैध बालू खनन में नाबालिग बच्चों का किया जा रहा इस्तेमाल।
रवि प्रताप - ब्यूरो चीफ ,महराजगंज।
महराजगंज जिले के रतनपुर क्षेत्र में नेपाल से निकलने वाली रोहिन नदियों से इन दिनों बालू खनन कारोबार का नया रुप देखने को मिल रहा है। देखने पर तो यह प्रतीत नही होता है। लेकिन जब इस अवैध खनन कारोबार की गहराइयों में जाकर जांच पडताल किया जायेगा तो बहुत बड़ी व आश्चर्य जनक बात उभर कर सामने आयेगा। दिन प्रतिदिन सीमावर्ती क्षेत्र ंमें नाबालिग बच्चों को बुरे कार्यों में ढकेला जा रहा है। जिन बच्चों के हाथों में कापी किताब होना चाहिए उन हाथों में माता पिता चंद रुपयों के खातिर उनका भविष्य बर्बाद कर रहे। है। गलत कार्य कर रहे लोगों को स्थानीय प्रशासन भी खूब संरक्षण देते हुए नजर आ रही है। इन दिनों रोहिन नदियों पर नदी से बालू निकालते हुए अधिकांश लोगों को साइकिल व मोटर साईकिल पर लादकर लाते हुए देखा जा सकता है। जिसमे बहुत से नाबालिग बच्चे शामिल है। जिनकी उम्र महज आठ, दस व बारह वर्ष के है। बच्चे साइकिल में बालू लादकर हमेशा दिखाई देते रहते। है। नौतनवां, सोनौली, परसामलिक थाना क्षेत्र में यह कारोबार अधिक हो रहा है। नौतनवां थाना क्षेत्र के खोरिया बाजार में इन दिनों बालू खनन माफियाओं के कारनामों से मशहूर है। जहां से रात के अंधेरे तो दूर दिनदहाड़े बालू खनन का अवैध कारोबार किया जा रहा है। सूत्रों द्वारा यह जानकारी प्राप्त हुआ कि अवैध बालू खनन के कारोबार में स्थानीय पुलिस चौकी धृतराष्ट्र बनी बैठी है। बालू खनन माफियाओं में पुलिस प्रशासन का कोई भी डर व दहशत नहीं है तो वहीं दूसरी तरफ राजस्व टीम अपने कर्तव्य पर मुस्तैद दिखी। हल्का लेखपाल अनुराग कुमार को अपने कर्तव्य का पालन करते हुए देखा गया। बीते गुरुवार पूर्वाहन क्षेत्र भ्रमण के दौरान ग्राम सभा खोरिया क्षेत्र के स्थानीय मासूम नाबालिग बच्चों से अवैध बालू खनन कारोबार में कार्य लिया जा रहा है। ऐसे में मौके पर हल्का लेखपाल ने नाबालिग बच्चों से पूछताछ किया तो एक बहुत बड़े रैकेट का खुलासा हुआ जिसमें कहीं न कहीं स्थानीय पुलिस चौकी के लापरवाही की संज्ञानता दर्शित हुई। इस संबंध में हल्का लेखपाल अनुराग कुमार ने बताया कि बच्चों के हालात को देखने के पश्चात सर्वप्रथम उन्हें जलपान कराने के बाद उन्हें चेतावनी देकर उन्हें छोड़ दिया गया।