दस वर्ष लखीमपुर खीरी बना कबड्डी का मण्डल चैम्पियन
शहंशाह आलम जिला सवांददाता लखीमपुर खीरी
*शोभारानी स्कूल की बेटियों ने रचा इतिहास*
लखीमपुर खीरी का प्रतिनिधित्व कर रही कु0शोभारानी उ0मा0निघासन की बेटियों ने बेहद एक बार फिर से अपनी काबलियत का लोहा मनवाया और इस बात को साबित कर दिया है रोमांचक मुकाबले में तीन बार की मण्ड़ल विजेता रायबरेली की बालिका कबडडी टीम लखीमपुर की बेटियों ने बेहद रोमांचक मुकाबले मे 2अंको से 42-40 से हराकर चारों खाने चित्त किया। आपको बताते चले 6व 7जनवरी को जिला स्यरीय प्रतिभाग किया था इस प्रतियोगिता में शोभा रानी की बेटियों ने लगातार दूसरी बार जिला चैंपियन शिप पर निघासन ब्लॉक कबजा हुआ और उसके लखनऊ में आयोजित एक दिवसीय मणडलीय खेल खुद प्रतियोगिता का आयोजन पीआर डी व होमगार्ड मुख्यालय के खेल मैदान में आयोजन हुआ इस प्रतियोगिता में पहली बार प्रतिभाग कर निघासन शोभा रानी विद्यालय की बेटियों ने अपने अच्छे प्रदर्शन की बदौलत सभी मुकाबले जीत कर फाईनल मे जगह बनाई और फाईनल मुकाबले में तीन बार की मण्डल चैंपियन रायबरेली टीम ने खीरी की टीम को पहले मे ही 10अंको की बढ़त बना ली लेकिन ममता सिंह और कामनी सिंह रमनदीप कौर रजविंदर कौर शिवरात्री सिंह अर्चना रमनदीप कौर इन सभी के दमदार प्रदर्शन की बदौलत दूसरे हाफ मे पलटवार करते हुए एकतरफा मैच पर पकड़ बनाये रायबरेली टीम झकझौर कर दिखा आखिरी के तीन मिनट में रायबरेली टीम से जीत हुआ मैच । बेटियों अपने अच्छे प्रदर्शन की बदौलत छीन कर लखीमपुर खीरी के सर पर मंडल चैम्पियन सेहरा सजाया है इससे पहले उडीसा मे बेटियों ने उत्तर प्रदेश का प्रतिनिधित्व करते हुए 7 फरवरी सन 2019उत्तर प्रदेश चैंपियन का खिताब दिलाया था इस अवसर पर विद्यालय के प्रधानाचार्य किशोरी लाल वर्मा व विद्यालय के समस्त स्टाप सभी बच्चों को बधाई दी है और जब टीम कोच इशितयाक अली से इस बारे में जानकारी ली गई तो बताया की हम खेल का अभ्यास छुट्टी के बाद कराते और रविवार को सुबह दस बजे 3बजे सभी खेलो का अभ्यास करवाया जाता हैं और टीम कोच इशितयाक अली ने बताया कि कल सुबह 10बजे से जोन का मैच होगा जिसमे शोभा रानी विद्यालय की बेटियां लखनऊ जोन का प्रतिनिधित्व करेंगी । जब टीम इशितयाक अली से पूछा गया कि क्या आप लोगो को सरकारी सहायता अभी तक मिली है तो टीम कोच ने बताया कि विद्यालय व बच्चों के अभिभावक दोनों के सहयोग से सब होता लेकिन अभी तक कोई भी सरकारी सहयाता नहीं मिली और न तो कोई समाज सेवी ने को सहयोग किया वैसे तो हजारों है समाजसेवी शोलल मीडिया पर वाह वाही लूटने के लिए। इन बेटियों के लिए कोई नहीं दिखाई देता हैं