उत्तर प्रदेश हिंदी संस्थान लखनऊ में पुरस्कृत हेतु चयनित होना गौरवपूर्ण - रेनू द्विवेदी
पी एन पाण्डेय की रिपोर्ट
प्रसिद्ध कवयित्री रेनू द्विवेदी को हरिवंश राय बच्चन युवा गीतकार सम्मान पुस्तक "भावना के पृष्ठ पर"के साथ ₹25000 का नगद पुरस्कार से उत्तर प्रदेश हिंदी संस्थान लखनऊ में पुरस्कृत करने हेतु चयनित किया गया और पहले भी "भावना के पृष्ठ पर" 2019 एवं "पानी मे भी प्यास" 2020 मे भी सम्मानित की जा चुकी है उन्होने कहा की उत्तर प्रदेश हिन्दी संस्थान स्वायत्तशासी संस्था है, विभिन्न योजनाओं के लिए शासन के भाषा-विभाग से प्रतिवर्ष प्राप्त अनुदान से योजनाओं को क्रियान्वित किया जाता है। राजभाषा हिन्दी उत्तर प्रदेश की प्रमुख भाषा तो है ही साथ ही सभी भारतीय भाषाओं से सम्पर्क सूत्र के रूप में भी इसकी अपनी विशेष भूमिका है। यही कारण है कि हिन्दी भाषा के माध्यम से ही भारत की गरिमामयी संस्कृति और राष्ट्रीय अस्मिता भारत के बाहर भी प्रसारित एवं अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर अभिव्यक्त है। हिन्दी की अनेक बहुमुखी प्रतिभाओं का आविर्भाव एवं कार्यस्थल उत्तर प्रदेश रहा है। इसलिए हिन्दी के साहित्य विकास, शब्द सामर्थ्य तथा अभिव्यक्ति की क्षमता भी बनाये रखने का गौरव एवं गुरुतर दायित्व उत्तर प्रदेश हिन्दी संस्थान का ही है। देवभाषा संस्कृत की विरासत को लेकर विकसित हिन्दी पुण्य सलिल गंगा की भाँति भारतीय संस्कृति की सतत् संवाहिका रही है।