बसपा के पूर्व एमएलसी रामू द्विवेदी 10 साल पुराने मामले में हुए अरेस्ट
कमलाकर मिश्र की रिपोर्ट
यूपी के टॉप 33 माफियाओं की सूची में शामिल पूर्व एमएलसी संजीव उर्फ रामू द्विवेदी गोरखपुर के चौरीचौरा थाने का हिस्ट्रीशीटर है। पुलिस ने उसकी 1.85 करोड़ की सम्पत्तियों पर बुलडोजर चलाने के लिए विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।बसपा के पूर्व एमएलसी रामू द्विवेदी तथा उनके तीन साथियों को देवरिया पुलिस ने किया गिरफ्तार, मिली जानकारी के अनुसार माफिया रामू द्विवेदी गोरखपुर जिले के चौरीचौरा क्षेत्र स्थित वंसहिया में भी रह चुका है। रामू की आपराधिक गतिविधियों को देखते हुए चौरीचौरा थाने की पुलिस ने उसकी हिस्ट्रीशीट खोली है। रामू द्विवेदी पर हालांकि गोरखपुर जिले में कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं है। रामू ने देवरिया और लखनऊ में आपराधिक घटनाएं की हैं। पुलिस रिकार्ड के अनुसार रामू ने बाकायदा गैँग तैयार कर रखा है। उसके गिरोह मे लगभग लखनऊ से देवरिया तक लगभग एक दर्जन से अधिक सदस्य हैं। इसमें से कुछ सदस्य भाजपा के कद्दावर नेता के सम्पर्क में रहने के कारण उन्हें राजनीतिक संरक्षण मिला हुआ है बताते चलें कि डीजीपी के कड़े तेवर बाद गोरखपुर और देवरिया की पुलिस ने रामू और उसके गिरोह के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस ने उसके गिरोह के एक सदस्य मनीष का गन लाइसेंस रद्द कर दिया है। पूर्व एमएलसी रामू द्विवेदी के साथ उनके तीन साथियों को देवरिया पुलिस ने लखनऊ से गिरफ्तार कर यहां रिमांड मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया। पुलिस अधीक्षक श्रीपति मिश्र ने बताया कि रामू द्विवेदी तथा उनके तीन साथी यहां विभिन्न मुकदमों में वांछित चल रहे थे और उनकी गिरफ्तारी के लिये देवरिया पुलिस लगी हुई थी। शुक्रवार की रात देवरिया पुलिस ने पूर्व एमएलसी रामू को लखनऊ के बहुखंडी आवास के पास से गिरफ्तार किया। उनके तीन साथियों कुणाल मल्ल, बजरंगी तिवारी और मनीष मिश्र को भी देवरिया पुलिस ने विभिन्न स्थानों से गिरफ्तार किया है।ये लोग विभिन्न मुकदमों में वांछित थे तथा पुलिस उनकी तलाश कर रही थी। चारों आरोपियों को रिमांड मजिस्ट्रेट के यहां पेश किया गया। रामू द्विवेदी तथा उनके साथियों पर आरोप है कि इन लोगों ने देवरिया निवासी तथा शराब कोरोबारी संजय केडिया पर जानलेवा हमला किया था तथा समाजसेवी निकुंज अग्रवाल के साथ मारपीट की थी। उत्तर प्रदेश के टॉप 33 माफियाओं की सूची में रामू द्विवेदी का नाम भी है। शहर में आज इस घटना की खूब चर्चा रही। एक नजर- एमएलसी के भाई ने कहा- प्रदेश में ब्राह्मण होना अभिशाप पूर्व एमएलसी रामू द्विवेदी के भाई श्यामू द्विवेदी ने बताया कि पुलिस अचानक रात को घर से रामू को उठा कर ले आई और गिरफ्तारी का कोई कारण नहीं बता रही है। पुराने सभी मामले खत्म हो चुके थे। श्यामू ने कहा कि उत्तर प्रदेश में ब्राह्मण होना अभिशाप हो गया है। सरकार जानबूझकर हमारे साथ ज्यादती कर रही है। एमएलसी की तबीयत खराब चल रही है और वह वेदांता में इलाज के लिए भर्ती थे।