डीएम ने की आईजीआरएस सन्दर्भो के निस्तारण की समीक्षा
कमलाकर मिश्न की रिपोर्ट
देवरिया- आईजीआरएस सहित सभी शिकायती संन्दर्भो का निस्तारण प्राथमिकता के आधार पर सभी अधिकारी सुनिश्चित करेगें। निस्तारण वास्तविक व गुणवत्तापूर्ण होनी चाहिये। किसी भी दशा में डिफाल्टर की श्रेणी में सन्दर्भ न आये, इसको विशेष रुप से ध्यान देते हुए निस्तारण की कार्यवाही को समयबद्वता के साथ पूर्ण करनी होगी तथा उसकी आख्या भी पोर्टल पर अपलोड किया जाना आवश्यक होगा। इसमें किसी भी प्रकार की कोई भी अधिकारी या विभाग शिथिलता नही बरतेगें। जिस विभाग की शिकायतें डिफाल्टर की श्रेणी में आयेगी, तो ऐसे संबंधित अधिकारी व कर्मचारी की जिम्मेदारी तय की जायेगी और उस पर कार्यवाही की जायेगी। जिलाधिकारी आशुतोष निरंजन आई जी आर एस सन्दर्भो के निस्तारण की समीक्षा आज गूगल मीट के माध्यम से कर रहे थे। उन्होने अधिकारियों को सचेत करते हुए कडे निर्देश दिये कि निस्तारण की मात्र औपचारिकता नही पूर्ण होनी चाहिये, बल्कि सन्दर्भो का समाधान वास्तविक रुप से गुणवत्ता व समयबद्धता के साथ करनी होगी। उन्होने इस दौरान डीपीआरओ, विकास खंड लार, भागलपुर आदि कार्यालयों व विभागो में लम्बित प्रकरणों का जायजा लिया। उन्होने यह भी निर्देश दिया कि बिना वास्तविक कारण यदि किसी विभाग द्वारा सन्दर्भो को वापस किया जाता है तो इसको भी गंभीरता से लिया जायेगा और कार्यवाही की जायेगी। जिलाधिकारी श्री निरंजन ने कहा कि आईजीआरएस, मुख्यमंत्री हेल्पलाईन, शासन एवं उच्चाधिकारियों द्वारा प्राप्त एवं अन्य किसी भी स्तर से प्राप्त सभी शिकायतों का निस्तारण प्राथमिकता के साथ सभी अधिकारियों को करनी होगी। किसी भी दशा में कोई भी प्रकरण लम्बित नही होना चाहिये। गूगल मीट में अपर जिलाधिकारी प्रशासन कुवर पंकज, डीपीआरओ आनंद प्रकाश, जिला कार्यक्रम अधिकारी कृष्णकान्त राय सहित अन्य संबंधित विभागो के अधिकारी, कर्मचारी, मनोज कुमार आदि जुडे रहे।