सैदपुर में भुट्टा बेचने वाले प्रधान जी को मिलेगा ई-ठेला
सुभाष सिंह यादव की रिपोर्ट।
सैदपुर ब्लाक के महमूदपुर के ग्राम प्रधान विनोद गौड़ आज के युवाओं के प्रेरणास्रोत बनकर उभरे हैं। उन्होंने गांव की प्रधानी जीतने के बाद भी अपना ठेले पर भुट्टा बेचने का पेशा नहीं छोड़ा। गुरूवार को जब यूथ रूरल फाउंडेशन के चेयरमैन संजय राय शेरपुरिया की उन पर नजर पड़ी तो विनोद गौड़ की किस्मत बदल गई। शेरपुरिया ने उन्हें ई-ठेला देने की घोषणा की। यह ठेला करीब ढाई लाख का पड़ेगा, जो विनोद को फाउंडेशन की तरफ से निःशुल्क दो दिन के भीतर उनके पास पहुंच जाएगा। इस दौरान इस ठेले की खासियत भी शेरपुरिया ने डेमो करके विनोद को बताई। जिसे सुनकर विनोद खुश हो गए। उनके आंखों में खुशी के आंसू थे। कहा कि संजय राय शेरपुरिया का नाम तो हमने बहुत सुना था, लेकिन आज उनको नजदीक से देखा। वह बड़े दिल वाले हैं। उनके भीतर गरीबों के लिए कुछ करने की झलक दिखती है। इस दौरान उन्हें शेरपुरिया ने फाउंडेशन का टीशर्ट भी पहनाया। गुरूवार को स्वामी सहजानंद पीजी कालेज से यूथ रूरल फाउंडेशन के चेयरमैन अपने काफिले के साथ सैदपुर ब्लाक के लिए रवाना हुए। उनका विकास भवन चैराहे पर स्वागत किया गया। यहां पर उन्होंने पौधेरोपण किया। इसके बाद नेहरू स्टेडियम में भी पौधे लगाए। इस दौरान खिलाड़ियों ने उनका जोरदार स्वागत किया। फिर यह काफिला सैदपुर के लिए निकल पड़ा। नंदगंज के पास पहुंचे तो उन्होंने कारगिल युद्ध में शहीद हुए अमर शहीद शेषनाथ यादव के चित्र पर माल्यार्पण किया। यहां भी शेरपुरिया ने पौधा लगाया। सैदपुर के पियरी में उनका भव्य स्वागत किया गया। इस जगह पर पौधा लगाकर लोगों को हरियाली का संदेश दिया। फिर यह कारवां सैदपुर तहसील पहुंचा। यहां पर कर्मचारियों को पौधरोपण के लिए प्रोत्साहित किया। दर्जनों की संख्या में पौधे लगाए। ब्लाक पर भी यही कार्य हुआ। जब यह काफिला आगे बढ़ रहा था कि संजय राय की नजर एक ठेले पर पड़ी। एक व्यक्ति भुट्टा बेच रहा था। वह अपने वाहन से उतरे और उसका नाम पूछा। इस पर भुट्टा बेचने वाले युवक ने अपना नाम महमूदपुर निवासी विनोद गौड़ बताया। कहा कि वह गांव के प्रधान भी हैं और प्रधान बनने के बाद भी भुट्टा बेचना नहीं छोड़े। विनोद से शेरपुरिया बहुत प्रभावित हुए। बोले, देश को ऐसे लोगों की जरूरत है। जिन्होंने पद पाने के बाद भी मूल कार्य नहीं छोड़ा। उन्होंने विनोद से कहा कि हम आपको ई-ठेला देना चाहते हैं। इसमें चाट, समोसा, पानी पुरी सहित अन्य कार्य कर सकते हैं। शेरपुरिया के इतना कहते ही विनोद खुशी से झूम उठे। उन्हें समझाया। बोले, हम चाहते हैं कि आप लोगों को प्रेरित करें और अपने जिले में ही रोजगार करके जिले को ग्रेटर गाजीपुर बनाएं।