जिला जेल में सजायाफ्ता कैदी की जिला चिकित्सालय ले जाते समय मौत हो गई*
कृपाशंकर यादव
गाज़ीपुर। जिला जेल में बंद कैदी की मौत का मामला प्रकाश में आया है। 29 अप्रैल 2010 को जमीन के बटवारे की पंचायत के दौरान पेशे से शिक्षक श्यामदेव गिरी की हत्या में शामिल सजायाफ्ता कैदी दीनानाथ गिरी(60) की जिला जेल से जिला चिकित्सालय ले जाने के दौरान मौत हो गई।मृतक काफी दिनों से बिमार चल रहा था।जिसे 15 दिन पहले जिला चिकित्सालय गाज़ीपुर भर्ती भी कराया गया था।जहाँ ठीक होने के बाद पुनः जिला जेल लाया गया था। करंडा थाना क्षेत्र के ग्राम सभा हिमर्दोपुर मठिया में रात आठ बजे के आस-पास पंचायत के दौरान लाइसेंसी बन्दूक से श्यामदेव गिरी की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।जिसमें मृतक के पुत्र शशिकांत गिरी ने स्थानीय गांव निवासी हरिहर गिरी व दीनानाथ गिरी को अभियुक्त बनाया था। मुकदमा दर्ज होने के लगभग एक माह बाद प्रशासन ने लखनचन्दपुर निवासी पूर्व ब्लॉक प्रमुख धनन्जय सिंह को 120 बी के तहत दोषी बनाया था। 5 अप्रैल 2019 को हत्याकांड मामले की सुनवाई के बाद फ़ास्ट ट्रैक कोर्ट द्वितीय ने अभियुक्त दीनानाथ गिरी व हरिहर गिरी को दोषी मानते हुए उम्रकैद की सजा व 50-50 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।