भक्त सुदामा जैसे गरीब के ऊपर भी कृपा की बरसात - स्वामी अमर दास जी
जिला प्रभारी राजीव कुमार पांडे य की रिपोर्ट
भांवरकोल स्थानीय विकास खंड क्षेत्र के ग्राम सभा सियाड़ी के तिवारी जी का डेरा पुन्नीपुर श्रीमद्भागवत कथा के विश्राम दिवस में अयोध्या से पधारे महामंडलेश्वर अमर दास जी महाराज ने कहा कि भगवान के अवतार का मुख्य कारण राक्षसों को मारना नही बल्कि भक्तों के ऊपर कृपा करना था, भगवान विदुर जी के घर केले के छिलके खाए लेकिन दुर्योधन के घर मेवा का भी परित्याग कर दिया | भगवान तो भाव के भूखे हैं | भगवान श्री कृष्ण के विवाहोपरांत परिवार की चर्चा करते हुए कहा कि भगवान श्री कृष्ण का परिवार वैसे तो बहुत बड़ा है लेकिन परिवार में किसी प्रकार का कोई कलह नहीं है, इसका एक मुख्य कारण यह है कि पुरे परिवार में आपसी सहमति एवं प्रेम है जो आज के समाज में बहुत कम देखने को मिलता है जिसके कारण परिवार में, समाज में बिखराव बहुत देखने को मिल रहा है | आज परिवार की समस्या को लोग परिवार के बीच नहीं बल्कि कोर्ट के बीच सुलझाना चाहते हैं परिणाम विवाद रूकने की जगह बढ़ जाता है | भगवान श्री कृष्ण के चरित्र से यह शिक्षा मिलती है कि बड़ा परिवार होने पर भी आपसी प्रेम कैसे बना कर रखें | कृष्ण ने सुदामा जी जैसे गरीब को भी धनवान बना दिया, ये भगवान की उदारता को दर्शाता है | मित्र के साथ व्यवहार कैसा होना चाहिए ये तो कोई कृष्ण से सीखे | नवयोगेश्वर संवाद की कथा में नौ अवधूतों के संदेश की व्याख्या किया, साथ ही दत्तात्रेय जी की कथा कहते हुए कि दत्तात्रेय जी ने चौबीस गुरु बनाए और ये संदेश है हमसबके लिए जहाँ से भी अच्छी बातें सीखने को मिले उनसब को गुरु बना लेना चाहिए | कथा समापन के अवसर पर विवेकानंद तिवारी जी, प्रेमचंद तिवारी जी ने कहा कि कथा के पश्चात हवन पूर्णाहुति कर्मकांड (पूजन )का कार्य बड़क पांडेय जी अपने विद्वान सहयोगीयों के द्वारा संपन्न करवाया एवं ज्युतीया(जीवित्पुत्रिका)व्रत होने के कारण भंडारा प्रसाद का कार्यक्रम दिन गुरुवार तीस सितम्बर को रखा गया है, इस अवसर पर ह्रषीकेश तिवारी , ऋषिकेश तिवारी जी एवं तिवारी परिवार की ओर से सभी आगन्तुक अतिथियों का सम्मान किया गया