रुकिए , ठहरिए , देखिए ! फिर चलिए ! क्योंकि यह निघासन के गांवों के बदहाल संपर्क मार्ग हैं*
विमल मिश्रा की रिपोर्ट
लखीमपुर - खीरी।गांवों को मुख्य मार्गों से जोड़ने वाले संपर्क मार्ग इस समय अपनी दुर्दशा पर आंसू बहा रहे हैं।सभी जिम्मेदारों ने इनकी तरफ से अपना मुंह फेर रखा है।आने-जाने वालों के लिए यह संपर्क मार्ग किसी नासूर से कम नहीं है।कोई भी इनका पुरसाहाल नहीं है।आये दिन दुर्घटनाएं होती हैं,वाहन क्षतिग्रस्त होते हैं,लोग चोटिल होते हैं।फिर भी जिम्मेदार पूरी तरह से आंखें मूंदे हुए हैं। 1996 में जब सूबे में कल्याण सिंह के नेतृत्व में भाजपा की सरकार बनी थी तब जर्जर पड़े इन संपर्क मार्गों के दिन बहुरे थे।सरकार और लोक निर्माण विभाग ने पूरे सूबे में एक अभियान चलाकर इन संपर्क मार्गों का कायाकल्प कर दिया था।गन्ना विभाग ने भी इस अभियान में बढ़-चढ़कर अपना योगदान देते हुए तमाम सम्पर्क मार्गों का कायाकल्प करने का बीड़ा उठाया था।इन मार्गों का कायाकल्प हो जाने से लोगों का आवागमन काफी आरामदायक हो गया था।लेकिन बाद की सरकारों ने इनकी तरफ जरा सा भी ध्यान नहीं दिया।समय के साथ जब यह संपर्क मार्ग क्षतिग्रस्त हुए तो उन्हें मरम्मत की दरकार थी।लेकिन किसी ने भी इनकी तरफ ध्यान नहीं दिया।आज हाल यह है कि निघासन विधानसभा क्षेत्र के अधिकांश गांवों के संपर्क मार्ग अपनी अंतिम साँसे गिन रहे हैं।न तो लोक निर्माण विभाग और न ही गन्ना विभाग इनकी तरफ ध्यान दे रहा है।पहली बात तो यह कि इनकी मरम्मत ही नहीं होती है और ज्यादा जोर-दबाव पड़ने पर अगर किसी संपर्क मार्ग की मरम्मत हुई भी तो मरम्मत के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति ही की जाती है।नतीजा यह होता है कि एक तरफ मरम्मत होती है और दूसरी तरफ दो चार माह में ही वह मार्ग फिर से अपनी पुरानी हालत में पहुंच जाता है।इस इलाके के जिस भी गांव के संपर्क मार्ग से आप गुजरेंगे,विश्वाश करिए आपको अपनी नानी जरूर याद आ जायेगी।खमरिया,मदनापुर ग्राम पंचायतों के साथ-साथ लुधौरी ग्राम पंचायत के नया पुरैना,पुराना पुरैना,रानीगंज,राजीहार,गोविंदपुर और पंचायत मुख्यालय लुधौरी को निघासन-पलिया स्टेट हाइवे से जोड़ने वाले संपर्क मार्ग की हालत आज किसी से छिपी नहीं है।यह मार्ग इस समय अपनी अंतिम सांसें गिन रहा है।लेकिन कोई देखने वाला नहीं है।पिछले साल लंबे इंतजार के बाद मरम्मत हुई भी तो सिर्फ नाममात्र की।आज यह सड़क फिर से बदहाल है।इसी तरह दुर्गापुरवा, जुलाहन पुरवा, नंदा पुरवा और शिवलाल पुरवा गांवों को इसी निघासन-पलिया स्टेट हाइवे से जोड़ने वाले संपर्क मार्ग की हालत भी इस समय बहुत ही नाजुक है।इसी स्टेट हाइवे से लोनियनपुरवा मोड़ के पास लोनियनपुरवा, जोखीपुरवा और ओरीपुरवा गांव को जोड़ने वाला संपर्क मार्ग भी अपनी दुर्दशा पर शर्मिंदगी महसूस कर रहा है।दुबहा के पास इसी स्टेट हाइवे से बल्देव पुरवा,चखरा,मुंशीगढ़,तिनघरवा सहित कई गांवों को जोड़ने वाला संपर्क मार्ग भी अपनी बदहाली पर रो रहा है।इसी तरह बरोठा गांव को बेलरायां पनवारी मार्ग से जोड़ने वाले संपर्क मार्ग की भी बहुत खस्ता हालत है।हरसिंहपुर सहित कई गांवों को बेलरायां - पनवारी मार्ग से जोड़ने वाला संपर्क मार्ग के भी वर्षों से अपनी मरम्मत की बाट जोह रहा है।लेकिन जिम्मेदार जानकर भी अनजान बने हुए हैं।जनमानस को हो रही दिक्कतों से उन्हें लगता है कि कोई सरोकार ही नहीं है।