मछली माफियाओं द्वारा मगई नदी के पानी को रोकने से तीन विधानसभाओं के हजारो हेक्टेयर खेत जलमग्न
जयंत यादव क्राइम रिपोर्टर गाजीपुर
करईल के मुहम्मदाबाद विधानसभा फेफना विधानसभा और जहूराबाद बांगर के करीब 30 गाँव के किसानों को उनकी खरीफ की फसल तो पहले शत् प्रतिशत नष्ट हो चुकी और अब रबी की बूवाई जो 15 अक्टूबर से शुरू होती है अब नहीं हो पाएगी वज़ह बाद में हुई बारिश से जमा हुई पानी को बलिया जिले में दौलतपुर पुल के पास मछली माफ़ियाओं द्वारा मछली मारने के लिए मगई नदी के पानी को बांस बलि और बालू के सहारे टीन सेड से दीवार खड़ी करके पानी को अवरुद्ध कर देना बताया जा रहा है क्षेत्र के लौवाडीह, सियाड़ी, परशा, राजापुर, खर्डीहां, सरदरपुर, सोनवानी, शाहपुर, मेड़वरा, टूटवारी, बघवना, रमापुर, पूनीपुर, दुलारपुर, लट्ठूडीह, मसौनी, मरईला, गोडऊर, फतूलहां, जोगा, देवरिया, करीमुद्दीनपुर, महेंद, सुरनी, खोरनपुर, मुड़ेरा, टीकापूर मडई आदि प्रमुख गाँव हैं जिनके गाँव के किसान इस दुःख में जीने को मजबूर हैं कि एक वार्षिक खेती नहीं होने पर अब उनका घर बार कैसे चलेगा कहां से जीवन यापन होगा कैसे उनके बच्चे पढ़ेंगे उनकी फ़ीस कैसे दी जाएगी यह सिर्फ़ और सिर्फ़ बलिया जिले में मच्छली मारने हेतु दौलतपुर गाँव वालों द्वारा टीन सेड डालकर नदी का पानी रोक रखे जाने की एक मात्र कारण है क्षेत्र के लोंगो का कहना है कि इसके जिम्मेदार बलिया प्रशासन और क्षेत्र के सभी जनप्रतिनिधि हैं जिनकी जानकारी में ये सब हो रहा है लेकिन वो कुछ नहीं कर रहे हैं किसान अपने भाग्य को कोष रहे हैं कि कैसा हम लोग जनप्रतिनिधि बना दिए हैं जो हम लोगों के दुःख के समय में कोई सहायता या सहानुभूति नहीं रखते हैं ईन क्षेत्रीय किसानों का कहना है कि सरकार अब हम सभी करईल एवं प्रभावित अन्य गांवों के किसानों का जिनका एक वार्षिक खेती खत्म हो गया उनका सम्पूर्ण कर्ज माफ किया जाय और उन्हें सरकार के तरफ़ से तत्काल नुकसान की भरपाई और जीविकोपार्जन हेतु 60 हजार प्रति हेक्टेयर किसानों को मुआवजा दिया जाय साथ ही जो लोग इसके जिम्मेदार हैं जिन्होंने पानी रोक रखा है और जो प्रशासन के लोग उनका साथ दे रहे हैं उनके खिलाफ़ कठोर से कठोर कार्रवाई की जाय तभी पीड़ित किसानों के साथ न्याय होगा |