खाद की दुकानों पर छापे की कार्रवाई से दुकानदारों में मचा हड़कंप
कमलाकर मिश्न की रिपोर्ट
देवरिया-जिला प्रशासन निर्धारित मूल्य पर उर्वरक किसानों को उपलब्ध कराने के लिए कटिबद्ध है ,उर्वरक के पर्याप्त स्टाक डीएपी ,एनपीके 12- 32-16 ,एपीके 20-20-0-13 तथा पोटाश भी जनपद में उपलब्ध है,अपर मुख्य सचिव कृषि के द्वारा दिए गए निर्देश के क्रम में जिलाधिकारी के द्वारा उर्वरक की दुकानों पर सघन जांच छापे की कार्रवाई हेतु आज जनपद में अचानक छापा डालने की कार्रवाई की गई, छापे के लिए कुल 4 टीमों का गठन किया गया। तहसील सदर में उप जिलाधिकारी सौरभ सिंह एवं डॉ आशुतोष कुमार मिश्र उप कृषि निदेशक के द्वारा संयुक्त रूप से छापे की कार्रवाई की गई इसमें कुल 15 प्रतिष्ठानों को चेक किया गया उनके गोदाम में उपलब्ध स्टॉक और पोस मशीन के स्टॉक का सत्यापन किया गया, अभिलेखों को देखा गया ,रिकॉर्ड चेक किए गए तथा दुकानदारों को निर्देशित किया गया कि खतौनी के अनुसार ही किसानों को डीएपी खाद उपलब्ध कराई जाए ,जिन किसानों के पास संयुक्त खतौनी है उसमें भी उनकी हिस्सेदारी को संज्ञान में लेकर ही का दिया जाए किसी भी स्थिति में कालाबाजारी नहीं होने दिया जाएगा। डीएपी का रेट मूल्य ₹1200 से ऊपर कोई भी दुकानदार बिक्री करते पाया गया तो उसके विरूद्ध कार्रवाई होगी, मौके पर उपस्थित कृषकों से वार्ता की, है रसीदें भी चेक किया गया । 3 प्रतिष्ठानों का जो मौके से भाग गए उनके लाइसेंस निलंबित कर दिए गए हैं उन्हें कारण बताओ नोटिस जा रहा है संतोष जनक ज़बाब नहीं आएगा तो दुकान निरस्त कर दिए जाएंगे ,वर्तमान में कृषि की बुवाई तेजी से हो रही है ऐसे में निरंतर दुकानों की चेकिंग कराई जाएगी । बिहार बॉर्डर के दुकानों पर उप जिलाधिकारी द्वारा स्टैटिक रूप से लेखपालों की ड्यूटी भी लगा दी गई है जो अपने देखरेख में वितरण कार्य करेंगे। छापे के दौरान कुल 15 नमूने भी ग्रहण किए गए। इसी प्रकार सलेमपुर और भाटपार रानी क्षेत्र के लिए जिला कृषि अधिकारी मोहम्मद मुजम्मिल और संबंधित उप जिला अधिकारी गण के साथ संयुक्त टीम ने छापे की कार्रवाई की, बरहज में कुमारी इरम उप संभागीय कृषि प्रसार अधिकारी सदरऔर उप जिलाधिकारी ने छापे की कार्रवाई की, रुद्रपुर में उप जिलाधिकारी रुद्रपुर और रतन शंकर ओझा जिला कृषि रक्षा अधिकारी ने छापे की कार्रवाई की। जिलाधिकारी ने अवगत कराया कि इस प्रकार की कार्रवाई आगे भी निरंतर चलती रहेगी प्रत्येक दशा में जिला प्रशासन सुनिश्चित करेगा कि रबी की बुवाई में किसानों को कहीं भी उर्वरक की कमी न हो एवं ना तो कोई दुकानदार किसानों से अधिक मूल्य ले सके। किसी दुकानदार को कालाबाजारी नहीं करने दिया जाएगा, यदि कोई दुकानदार अधिक मूल्य पर उर्वरक की बिक्री करते पाया गया ऐसा जिला प्रशासन के संज्ञान में आता है तो उसके विरुद्ध सख्त से सख्त कार्रवाई आवश्यक वस्तु अधिनियम की धारा 3/7 में करवाई भी संपन्न की जाएगी।